नचिकेता की कहानी | नचिकेता कौन था | Nachiketa Story in Hindi | nachiketa ki kahani in Hindi

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नचिकेता की कहानी | नचिकेता कौन था | Nachiketa Story in Hindi | nachiketa ki kahani in Hindi

नचिकेता नाम का एक बालक था। एक दिन उसके पिता ने एक यज्ञ किया। उसने अपनी गाय ब्राह्मणों को दान कर दी। 

नचिकेता दान करने की परंपरा को जानता था। उसने अपने पिता से पूछा, “ पिता जी, आप मुझे किसे दान देंगे?” उसके प्रश्न से क्रोधित होकर उसके पिता ने कहा, “ मैं तुम्हें काल के देवता यम को दान करूंगा” 

Nachiketa Story in Hindi
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नचिकेता यमलोक पहुंच गया।  वहां वह बिना भोजन किए 3 दिनों तक प्रतीक्षा करता रहा। जब  यम लौटकर आए तो नचिकेता की भक्ति देख कर बहुत प्रसन्न हुए। उन्होंने  नचिकेता को तीन वरदान दिए।

नचिकेता ने पहला वर मांगा कि उसके पिता उससे प्रसन्न हो जाएं। दूसरा वर उसने स्वर्ग जाने का मांगा। यम मान गए।

अंत में, तीसरे वर के रूप में नचिकेता ने जीवन और मृत्यु का रहस्य जानना चाहा। यम कुछ हिचकिचाए,लेकिन नचिकेता की लगन देखकर उन्होंने उसका तीसरा वर भी मान लिया।

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